मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेवसाय के मंशानुरूप: अब जशपुर के हर पर्यटन स्थल होगा सर्वसुविधायुक्त: कलेक्टर श्री रोहित व्यास
*पर्यटन स्थलों पर सभी मूलभूत सुविधाएं करें विकसित: कलेक्टर श्री रोहित व्यास*
*होम स्टे सहित पर्यटन स्थलों का व्यापक प्रचार-प्रसार करने दिए निर्देश*
*पर्यटन स्थलों की जानकारी हेतु स्पष्ट दिशा-सूचक एवं आकर्षक साइन बोर्ड लगाने को कहा*
जशपुरनगर, 09 अप्रैल 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल पर जशपुर जिले को एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने हेतु सुनियोजित प्रयास किए जा रहे हैं। इसके अंतर्गत जिले के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर अधोसंरचना निर्माण, आवश्यक मूलभूत सुविधाओं का विस्तार सहित व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार किया जा रहा है, ताकि जशपुर को राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर एक विशिष्ट पहचान मिल सके। इसी क्रम में कलेक्टर श्री रोहित व्यास की अध्यक्षता में बुधवार को कलेक्टरेट सभाकक्ष में जिला पर्यटन समिति जशपुर की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में पर्यटन के समग्र विकास को लेकर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह एवं जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक कुमार भी उपस्थित रहे।
बैठक में पर्यटन स्थलों पर मूलभूत सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण, पर्यटकों की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने, पर्यटन स्थलों तक सरल एवं सुगम पहुंच सुनिश्चित करने तथा व्यापक प्रचार-प्रसार करने संबंधी विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। साथ ही, पर्यटन के माध्यम से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित करने एवं इको-टूरिज्म को बढ़ावा देने के संबंध में भी महत्वपूर्ण चर्चा की गई। इसके अलावा जिले की प्राकृतिक सुंदरता, समृद्ध जनजातीय संस्कृति एवं स्थानीय परंपराओं को राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय मंच पर प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने और उन्हें पहचान दिलाने के लिए भी आवश्यक कदम उठाने पर विचार किया गया।
कलेक्टर श्री व्यास ने निर्देश दिए कि पर्यटकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए प्रमुख मार्गों एवं पर्यटन स्थलों पर स्पष्ट दिशा-सूचक संकेतक, आकर्षक साइन बोर्ड एवं सूचना बोर्ड स्थापित किए जाएं, ताकि बाहरी पर्यटकों को गंतव्य तक पहुंचने में किसी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने कहा कि जशपुर आने वाले पर्यटकों को होटल, लॉज, धर्मशाला एवं विभिन्न आयोजनों के माध्यम से पर्यटन संबंधी जानकारी ब्रोशर एवं पंपलेट के जरिए उपलब्ध कराई जाए। होम-स्टे को बढ़ावा देने के लिए कलेक्टर ने इसका व्यापक प्रचार-प्रसार करने तथा ट्रैवल एवं पर्यटन से संबंधित वेबसाइटों में पंजीयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, जिससे पर्यटकों को आसानी से जानकारी मिल सके। इसके साथ ही इन स्थलों पर कैंपिंग स्पॉट विकसित करने को कहा गया।
कलेक्टर श्री व्यास ने सभी प्रमुख पर्यटन स्थलों पर पेयजल, स्वच्छ शौचालय सहित आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित करने हेतु निर्देशित किया। साथ ही पर्यटन स्थलों की जानकारी एवं वहां उपलब्ध सुविधाओं का विवरण तैयार कर टूरिज्म बोर्ड को प्रेषित करने के निर्देश भी दिए। इसके अलावा प्रत्येक पर्यटन स्थलों पर पर विलेज लेवल टूरिज्म कमेटी गठित करने को कहा, जिससे स्थानीय स्तर पर पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिल सके और पर्यटकों को बेहतर अनुभव प्राप्त हो। बैठक में आरईएस के प्रभारी कार्यपालन अभियंता श्री राजेश श्रीवास्तव, वन विभाग के एसडीओ श्री करण सिंह, श्री राजकपूर राम भगत, श्री सौरभ सिंह सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
*साल भर आयोजित होंगे पर्यटन संबंधी रोमांचक गतिविधियां*
जिले में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए वर्षभर विभिन्न आकर्षक एवं रोमांचक गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। टूरिज्म कैलेंडर के अनुसार मई माह में एस्ट्रो कैंप, जून में इनडोर क्लाइंबिंग चैंपियनशिप और ट्राइबल फूड व फॉरेस्ट प्रोड्यूस फेस्टिवल, जुलाई में टी फेस्टिवल, मानसून एवं रील फेस्टिवल, अगस्त में ट्राइबल फेस्टिवल, सितंबर में बटरफ्लाई मीट, अक्टूबर में जशपुर जंबूरी, नवंबर में आर्ट फेस्टिवल एवं रेजिडेंसी, दिसंबर में मेटेओर शावर कैंप, जनवरी में बर्ड फेस्टिवल और वेलनेस रिट्रीट प्रोग्राम, फरवरी में साइक्लिंग इवेंट, मार्च में महुवा फेस्टिवल और अप्रैल में सरहुल कल्चर फेस्टिवल जैसे रोमांचक गतिविधियां आयोजित किए जाएंगे।








